अरुणाचल प्रदेश की पूरी जानकारी Arunachal Pradesh Information In Hindi

Arunachal Pradesh Information In Hindi अरुणाचल प्रदेश भारत का उत्तरी पूर्व राज्य हैं । अरूणाचल प्रदेश की राजधानी ईटानगर हैं । अरुणाचल प्रदेश का क्षेत्रफल 83,743 वर्ग किलोमीटर हैं । 2011 की जनगणना के अनुसार राज्य की जनसंख्या 1,382,611 हैं ‌। राज्य के दक्षिण में असम , उत्तर में तिब्बत , दक्षिणपूर्व में नागालैंड और पूर्व में म्यांमार हैं ।

Arunachal Pradesh Information In Hindi

अरुणाचल प्रदेश की पूरी जानकारी Arunachal Pradesh Information In Hindi

अरुणाचल प्रदेश का राजकीय पशु मिथुन हैं । राज्य का राजकीय पक्षी ग्रेट इंडियन हाॅर्निबल हैं । राज्य का राजकीय फूल द्रौपदी हैं । राज्य का राजकीय वृक्ष होलांग हैं ।

अरुणाचल प्रदेश की भाषा –

अरुणाचल प्रदेश की भाषा अंग्रेजी और हिंदी हैं । ज्यादा से ज्यादा अरुणाचल प्रदेश में अंग्रेजी और हिंदी भाषा बोली जाती हैं । इस राज्य में असमिया भाषा भी बोली जाती हैं । अरुणाचल प्रदेश में मिजी ,मोनपा , अपतानी , अदि , शेरदुकपेन , अका , हिल मिरी यह भाषा भी बोली जाती हैं ।

अरुणाचल प्रदेश की अर्थव्यवस्था –

अरुणाचल प्रदेश के मुख्य उद्योगों में कला और शिल्प , बुनाई , बेत और बांस , खनिज आधारित उद्योग शामिल हैं । अरुणाचल प्रदेश की अर्थव्यवस्था मुख्यता: कृषिप्रधान हैं । राज्य की फसलों में चावल , बाजरा , गन्ना , अदरक , मक्का , गेहूॅं शामिल हैं । अरुणाचल प्रदेश में फलों का उत्पादन भी अच्छा होता हैं ।

अरुणाचल प्रदेश की वेशभूषा –

अरुणाचल प्रदेश की महिलाएं लुंगी और टाॅप पहनती हैं और पुरुष शर्ट और पैंट पहनते हैं । इधर के आदिवासी लोग कोट , शाॅल , स्कर्ट पहनते हैं । सभी जनजाती के वस्त्र और गहने जनजाती के अनुसार अलग अलग हैं ।

अरुणाचल प्रदेश की कला और संस्कृती –

अरुणाचल प्रदेश में ज्यादा से ज्यादा त्यौहार कृषी पर आधारित हैं । ज्यादा से ज्यादा त्यौहारों में पशुओं की बली चढ़ाई जाती हैं । अरुणाचल प्रदेश में बुनाई की जाती हैं । पोंग नृत्य ,वांचो डांस , दामिडा डांस ,बारडो छम , तापु नृत्य , बईआ नृत्य , खापटी नृत्य , लायन एंड पीक डांस , रिखमपाडा नृत्य यह अरुणाचल प्रदेश के प्रमुख नृत्य हैं ।

अरुणाचल प्रदेश में ज्यादा से ज्यादा लोकनृत्य में पारंपरिक वेशभूषा , गहने दिखाई देते हैं । इनके नृत्य में उनका प्रेम दिखाई देता हैं । अरुणाचल प्रदेश के लोग सुंदर मुखौटे बनाते हैं । इनके द्वारा चांदी के लेख , चित्रित लकड़ियों के बर्तन , शोल्डर बैग , जैकेट बनाये जाते हैं

अरुणाचल प्रदेश का खाना –

पत्तों में लिपटे हुए उबले हुए चावल अरुणाचल प्रदेश का लोकप्रिय भोजन हैं । इन्हें पत्तेदार सब्जियां भी पसंद होती हैं । अरुणाचल प्रदेश के लोगों को तला हुआ भोजन पसंद होता हैं । पिका पिला नाम का एक आचार हैं यह अपतानी जनजाती को पसंद आता हैं । इधर के लोगों को अपोंग , बाॅंस की गोली , मरुआ , चुरा सब्जी , मोमो , मांस भी खाने के लिए पसंद हैं ।

अरुणाचल प्रदेश के पर्यटन स्थल –

1 ) ईटानगर –

ईटानगर अरुणाचल प्रदेश की राजधानी हैं । इस शहर को‌ प्रकृती का स्वर्ग भी कहा जाता हैं । ईटानगर का ईटा किला भी पर्यटकों को देखने के लिए अच्छा हैं । इस किले के नाम से ही राज्य का नाम रखा गया हैं ।‌

यह शहर हस्तशिल्प के लिए मशहूर हैं । ईटानगर में गंगा‌ झील , जवाहरलाल नेहरू संग्रहालय , ईटानगर वन्यजीव अभयारण्य यह जगह देखने के लिए अच्छी हैं । ईटानगर में बहोत पर्यटक आते हैं । यह राज्य का सबसे बड़ा और लोकप्रिय शहर हैं ।

2 ) तवांग –

तवांग यह पर्यटन स्थल अपने खुबसुरती के लिए जाना जाता हैं । अरूणाचल प्रदेश में स्थित तवांग मठ भारत का पहला और एशिया का दुसरा सर्वाधिक बड़ा मठ हैं । नुरानांग फाॅल्स देश‌ के सबसे शानदार झरनों में से एक हैं । तवांग बौद्ध लोगों के लिए बहोत लोकप्रिय हैं ।‌

3 ) बोमडिला –

बोमडिला शहर अरुणाचल प्रदेश के शहरों में से एक मनोरम शहर हैं । यह एक आनंदमय शांत शहर हैं । यह शहर बौद्ध मठों के लिए भी जाना जाता हैं । बोमडिला से लोग बर्फीली चोटियों के साथ हिमालय का आनंद भी ले सकते हैं । बोमडिला अपने सेब के बागों के लिए भी लोकप्रिय हैं ।

4 ) रोइंग –

रोइंग अरुणाचल प्रदेश का अच्छा पर्यटन स्थल‌ हैं । यह अपने बर्फ से ढकी पहाड़ियों और शांत झीलों के लिए जाना जाता हैं । महो‌ वन्यजीव अभयारण्य रोइंग के सबसे अच्छे पर्यटन स्थलों में से एक हैं । नेहरू वन उद्यान देवयानी नदी के तट पर स्थित हैं और यह एक खूबसूरत जगह हैं ।

5 ) भीष्मकनगर –

भीष्मकनगर किला राज्य के पुराने किलों में से एक हैं । यह किला पुराने समय में जली हुई ईटों से बनाया था । फोटोग्राफी के लिए यह स्थल बहोत अच्छा हैं । यह अरुणाचल प्रदेश का लोकप्रिय पुरातत्व स्थल हैं । इस जगह पर आकर्षिक घाटियाॅं‌ , हरे भरे जंगल और बर्फ से ढके पहाड़ हैं।

अरुणाचल प्रदेश के उत्सव –

1 ) रेह महोत्सव –

रेह महोत्सव अरूणाचल प्रदेश में छह दिनों के लिए मनाया जाता हैं । यह अरुणाचल प्रदेश का महत्त्वपूर्ण त्यौहार हैं । यह त्यौहार रेह इदस जनजाती का हैं ।‌ इस जनजातीय के लोग मानते हैं की वे ‘ नन्हीं इनायतया ‘ के बच्चे हैं ।

और इनका मानना ऐसा हैं की जब तक वे रेह उत्सव नहीं मनाते तब तक वे अपने बंधुत्व को जीवित रखने के लिए दिव्य माॅं का आशिर्वाद प्राप्त नहीं कर सकते । इस त्यौहार को रिश्तेदारों को नगद और सूअरों के रूप में पैसे दिए जाते हैं ।

2 ) लोसार महोत्सव –

यह महोत्सव पांच दिन के लिए मनाया जाता हैं । इन पांच दिनों में अच्छे स्वास्थ्य के लिए प्रार्थना की जाती हैं और बौद्ध ग्रंथ पढ़ें जाते हैं । इन दिनों में घी के दिपक जलाए जाते हैं ।

3 ) तमलाडु महोत्सव –

यह त्यौहार अरुणाचल के प्राचीन त्यौहारों में से एक त्यौहार हैं । यह त्यौहार राज्य के लोहित जिले में मनाया जाता हैं । इस त्यौहार के दिनों में पृथ्वी के देवता औश्र जल के देवता की प्रार्थना की जाती हैं । आदिवासी नृत्य त्यौहारों को और आकर्षक मनाता हैं ।

4 ) न्योकुम –

यह त्यौहार अगस्त में मनाया जाता हैं । यह त्यौहार फसलों की देवी का पूजा का समय हैं ।‌ यह न्याशी जनजाती का त्यौहार हैं । यह त्यौहार दो दिन का होता हैं । इसमें न्याशी जनजाती के लोग नृत्य , गायन करके आनंद लेते हैं ।

5 ) मोपिन –

अरुणाचल प्रदेश का मोपिन महोत्सव अच्छी फसल , सौभाग्य और समृद्धी लाने के लिए होता हैं । यह त्यौहार अप्रैल महीने में मनाया जाता हैं ।‌ यह त्यौहार 5 दिनों के लिए मनाया जाता हैं । अरुणाचल प्रदेश का पोपिर नृत्य इस त्यौहार का मुख्य आकर्षण हैं ।‌

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